Followers

Tuesday, February 25, 2014

kala - kavita कला - कविता


ओ मेरे कलाकार 
सुन लो इस कविता कि पुकार
तुम उतारो अपने मन कि बात .......
अपनी कला में
मै कविता में कहूँगी 
अपने सारे जज्बात ........
तुम चुन - चुन रंग भरना इसमें
मै लिखूँगी शब्दों से सभी सुनहरी याद......
तुम रंगों से जान भरना
मै शब्दों में लिखूँगी हमारे दिल कि बात ....
तुम बनाना नीली चादर ओढ़े रात
मै लिखूँगी सजीले सपनों कि बात .....
तुम बनाना दो प्रेमी का जोड़ा
मै अपनी कविता से पहनाऊँगी उन्हें 
एक-दुजे के बाँहों का हार .....
तुम अपनी कला से सजाना
मेरे मन कि दिवार .....
मै अपनी कविता से करुँगी
तुम्हारे ह्रदय में झंकार ....
ओ मेरे कलाकार 
सुन लो इस कविता कि पुकार ........

Sunday, February 16, 2014

Mook Awaaz मूक आवाज




अपनें इशारों से हवा में
कितने ही तस्वीर उकेरती ......
अपने हाथों से अदृश्य 

कल्पना को दृश्य देती .....
अपनी आँखों से ना जाने 
कितने ही भाव उकेरती ......
अ आ अं अः स्वर से
अपनी बातों को कहती .....
सिमित शब्दों में वो 
अपनी सारी बातें कह जाती .....
अभिव्यक्ति के एक माध्यम से 
वंचित होने के साथ ही ,,,,,
उसने नए आयाम दिए है
अपनी भावनाओं को कहने को ......
वो मूक आवाज थोड़ा - थोड़ा बोलती थी 
हमेशा से अपने इशारों में ,,,
अपनें हाथों से
अपनी आँखों से
अपने सिमित स्वरों से
पर आज वो बहुत खुश है
क्यूंकि उसने बोलना सीख लिया है
अपनी कलम से....





hindi prem geet,hindi prem kavita,hindi prem kahaniya,hindi love poem,hindi love story,hindi love quotes,hindi love shayari,hindi poetry on girls,hindi poetry for girls,hindi poetry for mother,haiku,hindi short story,nature hindi poem,hindi prem kahaniya.

Sunday, February 9, 2014

mera gussa tumhara pyar मेरा गुस्सा तुम्हारा प्यार...



मुझे याद है सौम्या वो दिन जब मैं बहुत गुस्से में था,और तुमपर खूब चिल्लाया...पर मैं करता भी क्या और मैंने तुमसे कहा भी था जब मैं गुस्से में होता हूँ तो तुम मुझसे दूर ही रहा करो... पर तुम कहाँ मानने वाली थी ..
और मुझसे कहने लगीं.... जब तुम्हारे प्यार ,तुम्हारे दुलार, तुम्हारी हर चीज पर ,तुम पर भी मेरा पूरा हक़ है,तो फिर तुम्हारे गुस्से पर क्यूँ नहीं...
जब प्यार के हरपल को हम साथ में जीते हैं ,,तो फिर गुस्से कि आग में मैं तुम्हें अकेले क्यूँ जलने दूँ ..
जो भी हो मील बाँटकर लेंगे , हर परेशानी हर मुश्किलों को दूर करेंगे ....

तुम्हारा वो प्यारा सा सवाल --- "क्या मेरा प्यार तुम्हारे इस गुस्से कि आग को ठंडा नहीं कर सकता ????"
सच सौम्या उस वक्त तुम्हारी आँखों में इतनी मासूमियत थी कि उसी पल को मेरा गुस्सा शांत हो गया था....
और हाँ तुम्हारा वो हार्ट शेप चॉकलेट उसे कैसे भूल सकता हूँ ...आज मैं भी लाया हूँ तुम्हारे लिए हार्ट शेप चॉकलेट ...
आओ सौम्या कुछ मीठा हो जाये....
हैप्पी चॉकलेट डे..










hindi prem geet,hindi prem kavita,hindi prem kahaniya,hindi love poem,hindi love story,hindi love quotes,hindi love shayari,hindi poetry on girls,hindi poetry for girls,hindi poetry for mother,haiku,hindi short story,nature hindi poem,hindi prem kahaniya.

Tuesday, February 4, 2014

He Sharade Maa हे शारदे माँ ...



आप सभी को वसंत पंचमी कि हार्दिक शुभकामनाएँ...



 ....meri drawing ....

वीणावादिनी 
श्वेत वस्त्र धारिणी 
विद्या कि देवी 
सरस्वती माँ
करूँ अर्पण तुझे मेरा मन
नमन करूँ मैं
हे शारदे माँ ..........

हे शारदे माँ ..........
कमल पुष्प विराजिनी
मधुर स्वरवाहिनी 
ज्ञान कि देवी 
सरस्वती माँ
करूँ अर्पण तुझे मेरा मन
नमन करूँ मैं
हे शारदे माँ .......




पीली चुनर ओढ़कर 
धरती मंद-मंद मुस्काए .........
हरी-भरी ये धरती सुनहरी 
देखो कैसे खिल-खिल जाए.......
नवोत्सर का रूप सलोना
बगीया भी खिलखिलाए ...........
सुन्दर-सुन्दर फूल खीले हैं
मन हर्षित हो जाए .......
हरी-भरी चहुँ ओर धरा हैं...
खेतों में धानी- बालियाँ लहलहाए ......
कोयल कि कूंक निराली
पंछी भी चहचहाए ............
खुशियाँ लेकर आया बसंत
मन - मयूरा भी खूब नाचे और गाएं ........
सरस्वती माँ कि करो वंदना 
बुद्धि , विद्या , साज और सुर के 
सभी जन आशीष पाएं ..........









hindi prem geet,hindi prem kavita,hindi prem kahaniya,hindi love poem,hindi love story,hindi love quotes,hindi love shayari,hindi poetry on girls,hindi poetry for girls,hindi poetry for mother,haiku,hindi short story,nature hindi poem,hindi prem kahaniya.
Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...