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Thursday, February 21, 2013

Bheega Man भीगा मन



चंद लफ्ज काफी है जज्बात बयां करने को  
ग़र कोई जज्बाती मिल जाए तो....



मुस्कुराऊँ तो किस नज़ारे को देखकर 
आँखों में तुमने आंसू भर दिए है.....
अब तो सब कुछ 
भीगा - भीगा सा दिखता है....



दर्द इतना है मेरी आँखों में 
छुपा भी नहीं सकती 
जिसे अपनी बातों में ........
लोग कहते है बहुत बोलती हो तुम
उन्हें क्या पता कितना 
कुछ है बाकि अभी कहने को .......
जो छुपा रखा है 
दिल के गहरे जज्बातों में....



प्यार बनकर आई थी 
अब गलती बन गयी हूँ आपकी
कभी आपकी नजर मुझे ढूंढा करती थी ........
अब मुझसे नजरे मिलाना भी 
खता बन गयी है आपकी....



इस उम्मीद से जागते है की
आये कोई पैगाम उनका
रात बीत गई , सुबह हो आई .......
ना आया कोई दुआ - सलाम उनका
बेरहम है वो जानते नहीं
क्या बीतती है दिल पर
बड़े आराम से कह कर चल दिए ......
ये अदाज - ए -  इश्क है उनका.....
****************************************
***********************************

32 comments:

  1. उन्हें क्या पता कितना
    कुछ है बाकी अभी कहने को .......
    ---------------------------------
    भींगे मन की भटकती वेदना ..

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  2. bahut sundar reena ji lekin pyar ke mausam me itna dard kyon?

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    Replies
    1. नहीं बस यूँ ही...
      :-)

      Delete
  3. मुस्कुराऊँ तो किस नज़ारे को देखकर
    आँखों में तुमने आंसू भर दिए है.....
    अब तो सब कुछ
    भीगा - भीगा सा दिखता है....

    बहुत खूब
    लाजवाब !

    ReplyDelete
  4. जिसके ख्याल में गुम हो उसको भी कुछ ख्याल है,
    मेरे लिए यही सवाल सबसे बड़ा सवाल है,,,,
    (आनंद नारायण मुल्ला)

    Recent post: गरीबी रेखा की खोज

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  5. अच्छी रचनाएं....
    बस यूँ ही लिखीं हैं तो और भी अच्छा :-)

    सस्नेह
    अनु

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  6. अरे आप दिखीं तो..... अच्छा प्रोफाइल फोटो लगाया है :)

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  7. सुंदर भावाभिव्यक्ति .... शुभकामनायें

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  8. भावमय करते शब्‍द ... बहुत ही अच्‍छी प्रस्‍तुति

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  9. मन से की गई अभिव्यक्ति , बहुत खूबसूरत ।

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  10. आपका अंदाज़े बयां निराला है

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  11. मन को भाई इसके अंदर की शब्दों की परछाई !

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  12. जज्बात और ख्वाहिशात को सही लफ़्ज़ों में ढाला है।

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  13. भावनाओं के समुंदर में उतरती हुई सुंदर क्षणिकायें....

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  14. कुछ शीतल सी ताजगी का अहसास करा गई आपकी सुंदर क्षणिकायें.

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  15. बहुत ही सुन्दर क्षणिकायें

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  16. प्यार का दर्द है मीठा मीठा !!!

    बहुत बहुत सुंदर

    नई पोस्ट

    रूहानी प्यार का अटूट विश्वास

    ReplyDelete
  17. मुस्कुराऊँ तो किस नज़ारे को देखकर
    आँखों में तुमने आंसू भर दिए है.....
    अब तो सब कुछ
    भीगा - भीगा सा दिखता है....
    आंसू में डूब जाने के बाद दिल भी कहाँ करता है देखने का ... फिर जब आंसू हों आँख में तो देखें भी कैसे ...

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  18. बहुत उम्दा ..भाव पूर्ण रचना .. बहुत खूब अच्छी रचना इस के लिए आपको बहुत - बहुत बधाई

    आज की मेरी नई रचना जो आपकी प्रतिक्रिया का इंतजार कर रही है

    ये कैसी मोहब्बत है

    खुशबू

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  19. मुस्कुराऊँ तो किस नज़ारे को देखकर
    आँखों में तुमने आंसू भर दिए है.....
    अब तो सब कुछ
    भीगा - भीगा सा दिखता है....

    ....बहुत खूब! बहुत सुन्दर भावपूर्ण प्रस्तुति..

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  20. छोटी छोटी प्यारी क्षणिकाएं

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  21. beautiful lines with beautiful pictures. Nice presentation Reena ji.

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  22. सुन्दर प्रस्तुति.

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  23. चित्र भी सुन्दर शब्द भी भाव भरे
    बधाई

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  24. वाह, बहुत ठीक, प्रभावशाली और सार्थक प्रस्तुति.

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  25. लोग कहते हैं बहुत बोलती हो तुम
    उन्हें क्या पता कितना
    कुछ है बाकि अभी कहने को .......
    जो छुपा रखा है
    दिल के गहरे जज्बातों में....।
    सहज और सुंदर अभिव्यक्ति। लोग मुंह पर ताले लगा कर जबान को बंद करते हैं। जबान अगर गंदी है तो तालों की जरूरत है पर भाई जबान पर गुढ हो तो बोलते जाओ। कौन क्या कह रहा इसका भय पालने की जरूरत नहीं। मिठी जबान और चेहरे पर हमेशा खुशी ईश्वरीय देन है। उसे बांटने का जज्बा हो तो सोने पर सुहागा।
    drvtshinde.blogspot.com

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